खबरें बिहार

आगामी 26 जून को स्वामी सहजानंद सरस्वती की पुण्यतिथि पर भाजपा किसान मोर्चा और लीची अनुसंधान प्रकोष्ठ के द्वारा संयुक्त रुप से किसान संवाद का आयोजन होगा: लखनलाल सिंह रमन

मुजफ्फरपुर (जनमन भारत संवाददाता)। भारतीय जनता पार्टी लीची अनुसंधान प्रकोष्ठ के संयोजक लखन लाल सिंह रमण के बैरिया स्थित निजी आवास पर परशुराम जयंती का आयोजन किया गया। सभी लोगों ने भगवान परशुराम के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उनके व्यापक भूमिका की चर्चा की। इस अवसर पर कार्यक्रम के संयोजक लखन लाल सिंह रमन ने कहा कि परशुराम के परिश्रम और चमत्कार के अनेक उदाहरण हैं। परशु इन्होंने स्वयं ईजाद किया तो पिनाक भगवान सदाशिव से प्राप्त किया था। राम धनुर्धारी, कृष्ण बंशी और सुदर्शन चक्र धारी हैं। जबकि श्राप और वर की शक्ति से परिपूर्ण परशुराम के हाथों में परशु और वेद ज्ञान पुस्तक है। भार्गव राम धनुष, गदा और मल्ल तीनों युद्धकला के विशेष ज्ञाता हैं।
इनके शिष्यों में महापराक्रमी भीष्म, द्रोण, बलराम और कर्ण की विशेष चर्चा है। अनेकों अस्त्र-शस्त्र के संचालक परशुराम विश्व की सबसे पुरातन और प्रामाणिक युद्ध विधा कलरीपायट्टु के भी जन्मदाता हैं, जिसका अभ्यास अब भी भारतीय प्रांत केरल मे किया जाता है।

इस दौरान एक पत्रकार वार्ता का आयोजन भी किया गया। जिसे संयोजक लखन लाल सिंह रमन ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि बीते 30 मई को केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी का मुजफ्फरपुर आगमन के दौरान अनुसंधान केंद्र द्वारा किसानों को अलग से एफपीओ का लाभ देने का आश्वासन दिया गया था। यह किसानों के हित में है। इसके लिए केंद्र सरकार को धन्यवाद। इसके अलावा लीची की ढुलाई के लिए अलग से स्पेशल ट्रेन देने की बात कही। इसे लेकर पूरे जिले की जनता की तरफ से उनका धन्यवाद।
 उन्होंने कहा कि आगामी 26 जून को स्वामी सहजानंद सरस्वती की पुण्यतिथि पर भाजपा किसान मोर्चा और लीची अनुसंधान प्रकोष्ठ के द्वारा संयुक्त रुप से किसान संवाद का आयोजन किया जाएगा। जिसमें कई केंद्रीय मंत्री, बिहार सरकार के मंत्री, सांसद विधायक एवं पार्टी के अधिकारी और कार्यकर्ताओं के  साथ ही जिले के किसान बड़ी संख्या में शामिल होंगे।
इस अवसर पर किसान मोर्चा के जिला अध्यक्ष उमेश पांडे, दिग्विजय नारायण सिंह, विजय पांडे, रणधीर कुमार उर्फ पुट्टू , अखिलेश शर्मा,  उदय कृष्ण शर्मा, रामकृष्ण पांडे, रवि भूषण कुमार,  हरिराम मिश्रा , गजेंद्र तिवारी समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published.